बेटी की विदाई

कुछ दिन की तू , मेरे घर में मेहमान है,
उड़ जाएगी संग पिया के,
तेरे लिए खुला आसमान है,
कुछ दिन की तू, मेरे घर में मेहमान है।

महकता है तुझसे ही,मेरा ये आँगन,
शमा है तू मेरे घर की,
रोशन तुझसे ही, मेरा ये जहान है,
कुछ दिन की तू, मेरे घर में मेहमान है |

दुआएं है ये तेरे लिए मेरे दिल की,
खुशियां मिले तुझे जहाँ भर की,
पूरे होंगे तेरे सभी ख्वाब,जो तेरे अरमान है,
कुछ दिन की तू मेरे घर में मेहमान है |

भूल ना जाना घर बाबुल का,
संग पिया का पाके तू,
खेर खबर भी लेती रहना,कभी कभी यहाँ आके तू,
तुझे देखकर खुश सदा,हमारे चेहरों पर मुस्कान है,
कुछ दिन की तू मेरे घर में मेहमान है |

Kavita Tanwani

Leave feedback about this

  • Rating

Back to top